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आशा कार्यकर्ता यूनियन हरियाणा की तरफ से न्यायसंगत मांगों का प्रदर्शन सरकार से आवश्यक मांगें प्रस्तुतित

 

ब्यूरो चीफ सतीश कुमार महेंद्रगढ़ हरियाणा 

 

नारनौल 

 हरियाणा सम्बन्धित एआईयूटीयूसी रजिस्ट्रेशन नंबर 2074 के आहावान पर आज आशा कर्मियों की न्यायसंगत मांगों की अनदेखी व बेरूखी के खिलाफ प्रदेश व्यापी आहावान के तहत आज काली पट्टी बांध कर धिक्कार दिवस का आयोजन किया गया.

आशा कार्यकर्ता यूनियन हरियाणा सम्बन्धित एआईयूटीयूसी से जुड़ी आशा कार्यकर्ता पीडब्ल्यूडी रेस्ट हाउस में एकत्रित हुई और माननीय सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्री ओमप्रकाश यादव को ज्ञापन सौंपा. माननीय राज्य मंत्री ने आशा कार्यकर्ताओं की मांगों से सहमति जताते हुए अपनी ओर से पूरी पैरवी करने का आशा कार्यकर्ताओं को पूरा भरोसा दिलाया.

माननीय मंत्री जी ने कहा कि आशा कार्यकर्ताओं की वाजिब मांगों पर सरकार विचार विमर्श कर रही है. पीडब्ल्यूडी रेस्ट हाउस से अनुशासित जुलूस के साथ शहर के मुख्य मार्गों महावीर चौक होते हुए लघु सचिवालय नारनौल पंहुचकर उपायुक्त कार्यालय पर जोरदार विरोध प्रदर्शन किया तथा अपनी न्यायसंगत मांगों का माननीय मुख्यमंत्री हरियाणा सरकार के नाम ज्ञापन नगराधीश महोदय को सौंपा। नगराधीश महोदय ने आशा कार्यकर्ताओं की मांगों को हरियाणा सरकार को भिजवाए जाने का भरोसा दिलाया. जिला सचिव मधु ने विरोध प्रदर्शन को संबोधित करते हुए कहा कि आशा कार्यकर्ताओं के मानदेय वेतन में वर्ष 2018 से कोई बढ़ोतरी नहीं हुई है, जबकि मंहगाई कई गुना बढ़ी है.अत: आशा कर्मियों को न्यूनतम वेतन रूपए 26000 लागू किया जाना चाहिए. तथा आशा कार्यकर्ताओं को सरकारी कर्मचारी का दर्जा दिया जाए।वक्ताओं ने कहा आशा कर्मियों की मांगें वाजिब है, जिसे सरकार को तत्काल स्वीकार किया जाना चाहिए. वक्ताओं ने सरकार को याद दिलाते हुए कहा कि कोविड के समय आशा कर्मियों की सराहनीय कार्य व अतुलनीय योगदान, जिसे सरकार ने कोविड समय में आशा कार्यकर्ताओं को अगवा दस्ता कहा था,उन आशा कार्यकर्ताओं ने कोविड के समय अपनी जान जोखिम में डालकर लोगों का अनमोल जीवन बचाने जैसा सराहनीय कार्य किया है, सरकार उसे ना सिर्फ भूलाने का काम कर रही है बल्कि आशा कर्मियों की वाजिब मांगों की अनदेखी कर सरकार आशा कार्यकर्ताओं के साथ घोर नाइंसाफी कर रही है .

एआईयूटीयूसी जिला प्रधान मास्टर सुबे सिंह ने कहा कि आशा कार्यकर्ता गांवों की प्राथमिक डाक्टर है, जो बच्चों व गर्भवती महिलाओं के टीकाकरण अभियान में सराहनीय कार्य करती है.

एआईयूटीयूसी जिला सचिव छाजूराम रावत ने कहा कि आशा कार्यकर्ता बच्चों व महिलाओं को कुपोषण से बचाने का काम करती है.

आशा कार्यकर्ता नौनिहालों व गर्भवती महिलाओं के अनमोल जीवन बचाने का काम कर इस सभ्यता को आगे बढ़ाने का सराहनीय कार्य कर रही है. 

ऐसे में आशा कर्मियो के दिन रात ड्यूटी कर रहे कार्य का यही सच्चा मान सम्मान होगा कि आशा कार्यकर्ताओं की न्यायसंगत मांगों को अविलंब स्वीकार किया जाए.सरकार आज की सभा को नूतन, शकुन्तला,सरला,राजबाला, कृष्णा,सीमा,कविता, सुमन, ज्योति,अनुराधा, सरिता, सविता,राजेश सहित सैकड़ों आशा कार्यकर्ता उपस्थित रहे.

ज्ञापन के माध्यम से मांग की गई है कि:-

1) 2018 के बाद आशा कर्मियों के काम के साथ साथ मंहगाई में कई गुना बढ़ोतरी हुई है , जबकि पिछले 5 सालों से मानदेय में कोई वृद्धि नहीं हुई है अतः आशा कर्मियों को न्यूनतम वेतन रूपए 26000 दिया जाए तथा सरकारी कर्मचारी का दर्जा दिया जाए

2) आशा कार्यकर्ताओं के मानदेय और प्रोत्साहन राशि

को मंहगाई भत्ते के साथ जोड़ा जाए.,

3) आशा कर्मियों को सामाजिक सुरक्षा के दायरे में

लाते हुए सभी पेंशन ग्रेच्युटी लाभ दिए जाए.

4) आशा कार्यकर्ताओं की रिटायरमेंट आयु 65 वर्ष की जाए

5) रिटायरमेंट पर एकमुश्त 10 लाख रुपए सहायता दी जाए

6) कुशल श्रमिक का दर्जा देते हुए साप्ताहिक अवकाश लागू किया जाए

7) आनलाइन काम का दबाव ना बनाया जाए

8) एएनएम के 25% पद आशा कार्यकर्ताओं से पदोन्नति से भरे जाएं

9) सर्वे कार्य का प्रयाप्त इन्सेंटिव दिया जाए

10) उप स्वास्थ्य केन्द्र पर आने जाने की फ्री सुविधा हो

 11) अस्पताल में आशा कार्यकर्ताओं के लिए आराम गृह Retiring Room बनाए जाए

इस प्रकार दिनांक 12.8.2023 से दिनांक 8 8.9.2023 की अवधि में दिए गए मांग पत्रों व ज्ञापन के सन्दर्भ में उपरोक्त मांगों को अविलंब स्वीकार किया जाए.

जारीकर्ता,

मधु देवी

जिला सचिव

आशा कार्यकर्ता यूनियन हरियाणा सम्बन्धित एआईयूटीयूसी

रजिस्ट्रेशन नंबर 2074

Satish Kumar

Beauro Chief Mahendragarh Haryana

Satish Kumar

Beauro Chief Mahendragarh Haryana

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