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सप्त शक्ति संगम कार्यक्रम का भव्य आयोजन संपन्न

ब्यूरो चीफ राम सुदीन, सोनभद्र
एनसीएल ककरी परियोजना आवासीय परिसर स्थित विद्या भारती से सम्बद्ध सरस्वती विद्या मंदिर इंटर कॉलेज ककरी परियोजना में
आज “सप्त शक्ति संगम” कार्यक्रम का सफलतापूर्वक आयोजन किया गया। कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य भारतीय संस्कृति, कुटुंब प्रबोधन, पर्यावरण संरक्षण तथा महिलाओं की सशक्त भूमिका पर चिंतन-मनन करना रहा।
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि डॉ नीरजा गुप्ता विभागाध्यक्ष (वनस्पति विज्ञान) अवधूत भगवान राम स्नातकोत्तर महाविद्यालय अनपरा, विशिष्ट अतिथि श्रीमती ज्योति मिश्रा एकता महिला मंडल सदस्य ककरी, कार्यक्रम अध्यक्ष श्रीमती सुमन यादव एकता महिला मंडल सदस्य ककरी ने संयुक्त रूप से मां सरस्वती के चित्र के समक्ष दीप प्रज्वलित एवं पुष्पार्चन कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया।
कार्यक्रम में आए हुए अतिथियों का परिचय कार्यक्रम संयोजिका श्रीमती सुनीता सिंह जी ने कराया।
मुख्य अतिथि महोदया ने “कुटुंब प्रबोधन एवं पर्यावरण की संबंध में भारतीय दृष्टि” विषय पर गहन प्रकाश डालते हुए बताया कि कुटुंब प्रबोधन कोई एक दिन का कार्यक्रम नहीं, बल्कि यह एक जीवन दर्शन है। यदि हम अपने घरों में प्रेम, सहयोग और संस्कार की रोशनी जलाएंगे तो उसका प्रकाश पुरी समाज को आलोकित करेगा। “जो परिवार संस्कारित है, वही समाज सशक्त है, और जो समाज सशक्त है वही राष्ट्र महान है।” मुख्य अतिथि महोदया ने यह भी बताया कि पर्यावरण संरक्षण भारतीय जीवन दर्शन का अभिन्न अंग रहा है। वसुधैव कुटुम्बकम् की अवधारणा को वर्तमान संदर्भ में पुनर्जनन की आवश्यकता पर बल देते हुए कहा की परिवार और प्रकृति एक ही चेतना के दो रूप है। यदि परिवार में संस्कार और प्रेम रहेगा तो वह प्रेम प्रकृति तक फैलेगा यदि घर में सफाई और संयम रहेगा तो बाहर हरियाली और शांति बनी रहेगी।
विशिष्ट अतिथि महोदया ने “भारत के विकास में महिलाओं की भूमिका” पर अपने विचार व्यक्त किए। उन्होंने ऐतिहासिक संदर्भों (जैसे रानी लक्ष्मीबाई, सरोजिनी नायडू) से लेकर वर्तमान योजनाओं (बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ, महिला सशक्तिकरण योजनाएँ) तक का उल्लेख करते हुए कहा कि भारत का समग्र विकास तभी संभव है जब महिलाएँ शिक्षा, उद्यमिता, नेतृत्व एवं निर्णय प्रक्रिया में पूर्ण भागीदार बनें।
कार्यक्रम की अध्यक्ष महोदया ने अपने अध्यक्षीय उद्बोधन में दोनों विषयों को समन्वित करते हुए कहा कि भारतीय नारी शक्ति ही परिवार, समाज एवं राष्ट्र को पर्यावरण संरक्षित, संस्कारयुक्त एवं समृद्धिशाली बनाने की धुरी है। उन्होंने सभी से संकल्प लेने का आह्वान किया कि हम अपने दैनिक जीवन में भारतीय मूल्यों को अपनाते हुए सतत विकास की दिशा में अग्रसर होंगे।
कार्यक्रम के दौरान विद्यालय की बहनों ने विविध सांस्कृतिक एवं नाट्य प्रस्तुतियां प्रस्तुत की इन प्रस्तुतियों में में विद्यालय की बहनों में शारदा द्विवेदी, हिमानी, एंजेल और नेहा विश्वकर्मा ने वीरांगनाओं और प्रेरणादायक महिलाओं रानी लक्ष्मीबाई, रानी चेन्नम्मा, रानी दुर्गावती, मीरा की भूमिका निभाई। उनके अभिनय ने महिला शक्ति, साहस और देशभक्ति की भावना को संजीव कर दिया जिससे पूरा वातावरण भावनाओं और प्रेरणा से और ओतप्रोत हो गया।
कार्यक्रम के इस मौके पर श्रीमती आशा द्विवेदी जी सह संचालिका काशी प्रांत ने सभी माताओं एवं बहनों को संकल्प दिलाया।
कार्यक्रम के अंत में विद्यालय के प्रधानाचार्य श्रीमान सुभाष चंद्र त्रिपाठी जी ने कार्यक्रम में आए हुए सभी अतिथियों एवं माताओं व बहनों के प्रति आभार व्यक्त किया।
इस अवसर पर श्रीमान आर पी गुप्त जी संपर्क प्रमुख भारतीय शिक्षा समिति काशी प्रांत, सुरेंद्र द्विवेदी जी प्रधानाचार्य सरस्वती शिशु मंदिर ककरी, मातृ भारती अध्यक्षा श्रीमती शशि प्रभा त्रिपाठी जी, वेदवती जी अनामिका जी, स्वाति जी आदि मौजूद रहीं।
कार्यक्रम का संचालन सुश्री अंकिता पांडे जी ने अत्यंत कुशलता और सौम्यता के साथ किया।

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