जयपुरब्रेकिंग न्यूज़राजस्थानशिक्षा

रेसटा का राज्य स्तरीय दो दिवसीय शिक्षक सम्मेलन धूमधाम से शुरू : उत्कृष्ट परीक्षा परिणाम और नामांकन बढ़ाने का लिया संकल्प

संस्कार और ज्ञान देने वाला ही सच्चा शिक्षक’ – शिक्षकों ने उठाई शिक्षक हितों की मजबूत आवाज

राजस्थान हेड डॉ राम दयाल भाटी

 

जयपुर : शिक्षक संघ एलीमेंट्री सेकेंडरी टीचर एसोसिएशन (रेसटा) राजस्थान के राज्य स्तरीय दो दिवसीय शिक्षक सम्मेलन का भव्य शुभारंभ फलोदी के अंबेडकर डवलपर्स, मलार रोड पर हुआ। सम्मेलन में प्रदेश भर से आए सैकड़ों शिक्षकों ने सरकारी स्कूलों में उत्कृष्ट परीक्षा परिणाम लाने और नामांकन बढ़ाने का पक्का संकल्प लिया। वक्ताओं ने जोर देकर कहा कि सच्चा शिक्षक वही है जो विद्यार्थियों को केवल किताबी ज्ञान नहीं,बल्कि जीवन जीने के संस्कार और पर्यावरण संरक्षण की प्रेरणा देता है। मुख्य अतिथि जिला शिक्षा अधिकारी (माध्यमिक) सोहन राम विश्नोई ने कहा,“शिक्षक का कर्तव्य सिर्फ पढ़ाना नहीं, बल्कि विद्यार्थियों में ऐसी क्षमताएं जगाना है जो उन्हें जीवन में निरंतर प्रगति की राह पर ले जाएं और देश को गौरवान्वित करें।” विशिष्ट अतिथि महाराजा गंगा सिंह विश्वविद्यालय,बीकानेर के प्रो. अनिल कुमार छंगाणी ने शिक्षकों की भूमिका को सभ्य समाज के निर्माण का आधार बताया और पर्यावरण संरक्षण पर विस्तार से प्रकाश डाला।

संघ के प्रदेशाध्यक्ष मोहर सिंह सलावद ने सम्मेलन की अध्यक्षता करते हुए कहा, “शिक्षक का व्यक्तित्व पूरे विश्व के लिए प्रेरणादायी है। हम सभी मिलकर सरकारी स्कूलों के बच्चों को सरकार की योजनाओं का शत-प्रतिशत लाभ दिलाएंगे।” इस दौरान प्रदेश, जिला एवं ब्लॉक पदाधिकारियों ने बोर्ड कक्षाओं में उत्कृष्ट परिणाम और अधिकाधिक नामांकन का संकल्प दोहराया। सम्मेलन में शिक्षक हितों को लेकर जोरदार आवाज उठी। प्रमुख मांगों में पुरानी पेंशन योजना बहाल रखना, तृतीय श्रेणी शिक्षकों सहित सभी संवर्गों के तबादले सबसे पहले करना, वरिष्ठ अध्यापक एवं व्याख्याताओं की बकाया पदोन्नतियां शीघ्र पूरी करना, कंप्यूटर अनुदेशकों की वेतन विसंगति दूर करना, शिक्षक सम्मान समारोह में पारदर्शिता लाना और पाठ्यक्रम निर्धारण समिति में सभी वर्गों के शिक्षकों को शामिल करना शामिल हैं। महामंत्री नवल सिंह मीणा ने बताया कि 21 सूत्री मांग-पत्र तैयार कर राज्य सरकार को भेजा जाएगा।कार्यक्रम में भाजपा जिला महामंत्री रतन लाल पंवार, महिला कांग्रेस जिलाध्यक्ष नीरू ईरनिया, शिक्षक नेता प्रताप दईया सहित कई गणमान्य अतिथियों ने अपने विचार व्यक्त किए। भामाशाह सीएम बाला ने पूर्ण सहयोग का आश्वासन दिया। सम्मेलन में पदाधिकारियों को स्मृति चिन्ह, बैग, पेन और डायरियां भेंट कर सम्मानित किया गया। संयोजक दुर्गाराम बिरठ ने सभी का आभार व्यक्त किया, जबकि मंच संचालन बाबू लाल चौहान ने किया। सम्मेलन में प्रदेशाध्यक्ष मोहर सिंह सलावद, संरक्षक सफी मोहम्मद मंसूरी, वरिष्ठ उपाध्यक्ष मंशाराम खिजुरी, उपाध्यक्ष गजराज सिंह मोठपुर, महामंत्री नवल सिंह मीणा, प्रवक्ता राजीव चौधरी सहित विभिन्न जिलों के पदाधिकारी और सैकड़ों शिक्षक उपस्थित रहे। यह सम्मेलन न केवल शिक्षक हितों की लड़ाई का प्रतीक बना, बल्कि सरकारी शिक्षा व्यवस्था को मजबूत बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम साबित हुआ।

Dr Ram Dayal Bhati

Editor Rajasthan Mobile Number 97848 14914

Dr Ram Dayal Bhati

Editor Rajasthan Mobile Number 97848 14914

Related Articles

Back to top button