आज सनी कपाही द्वारा गौ सम्मान आह्वान अभियान की जानकारी साझा
गौ सम्मान आह्वान अभियान : देशव्यापी जन-आंदोलन
गौ माता को राष्ट्र माता का दर्जा दिलाने के उद्देश्य से देशभर में गौ सम्मान आह्वान अभियान संचालित किया जा रहा है। इस अभियान के अंतर्गत अनेक साधु-संतों ने अपने-अपने स्तर पर शांतिपूर्ण एवं आंदोलनात्मक कार्यक्रमों में भाग लेने की सहमति व्यक्त की है।
अभियान से जुड़ी एक घोषणा के अनुसार, यदि 15 अगस्त 2027 तक भारत सरकार द्वारा गौ माता को राष्ट्र माता का दर्जा प्रदान नहीं किया जाता, तो दिल्ली में 10 साधु-संतों का एक समूह चरणबद्ध रूप से अत्यंत कठोर, किंतु अहिंसक आंदोलनात्मक कदम उठाने का संकल्प करेगा। यह घोषणा गौ माता के सम्मान और संरक्षण की मांग को प्रमुखता से सामने रखने के उद्देश्य से की गई है।
इसी क्रम में, 27 अप्रैल 2026 को गौ सम्मान दिवस के अवसर पर देशभर की तहसीलों में तहसीलदार महोदय को प्रार्थना-पत्र सौंपे जाने का कार्यक्रम प्रस्तावित है। ये प्रार्थना-पत्र—
माननीय राष्ट्रपति महोदय
माननीय प्रधानमंत्री महोदय
माननीय राज्यपाल/उपराज्यपाल महोदय
माननीय मुख्यमंत्री महोदय
के नाम संबोधित होंगे।
आज इस विषय पर सनी कपाही, सोशल वर्कर एवं राज्य संयोजक अखिल भारतीय श्री स्वामी समर्थ गुरुपीठ त्र्यंबकेश्वर नाशिक, श्री स्वामी समर्थ केंद्र जम्मू-पुंछ के संस्कार सेवक एवं राज्य संयोजक द्वारा वीडियो के माध्यम से जानकारी साझा की गई। उन्होंने बताया कि गौ सम्मान आह्वान अभियान के अंतर्गत देश के लगभग 790 जिलों और 5000 से अधिक तहसीलों में 27 अप्रैल 2026 को गौ सम्मान दिवस मनाया जाएगा।
साथ ही यह भी जानकारी दी गई कि 250 से अधिक साधु-संतों की एक सूची तैयार की जा चुकी है, जिन्होंने 10-10 के समूह में आमरण अनशन जैसे शांतिपूर्ण आंदोलनात्मक कार्यक्रमों में भाग लेने की सहमति प्रदान की है। यह अभियान गौ माता के सम्मान, संरक्षण एवं संवैधानिक मान्यता के लिए एक संगठित और राष्ट्रव्यापी जन-आंदोलन के रूप में आगे बढ़ रहा है।