बालोतरा, 5 जनवरी। जेरला औद्योगिक क्षेत्र में नगर परिषद की सीवर व्यवस्था के दुरुपयोग करने पर नगर परिषद द्वारा औद्योगिक क्षेत्र में स्थित सीवर लाइन के मुख्य मैनहोलों की गहन जांच की गई। नगर परिषद आयुक्त रामकिशोर मेहता ने बताया कि क्षेत्र की अधिकांश औद्योगिक इकाइयों ने अवैध रूप से रासायनिक अपशिष्ट युक्त पानी के पाइप नगर परिषद की सीवर लाइन से जोड़ रखे हैं। औद्योगिक इकाइयों द्वारा बिना अनुमति और नियमों को दरकिनार करते हुए रासायनिक पानी सीधे सीवर लाइन में छोड़ा जा रहा था, जिससे न केवल सीवर व्यवस्था को नुकसान पहुंच रहा है बल्कि पर्यावरण और जनस्वास्थ्य पर भी गंभीर खतरा उत्पन्न हो रहा है। जांच के दौरान कई मैनहोलों में फैक्ट्रियों से जुड़े अवैध पाइप स्पष्ट रूप से पाए गए।
उन्होंने बताया कि जांच के तुरंत बाद नगर परिषद ने मौके पर ही कार्रवाई करते हुए अवैध रूप से जोड़े गए रासायनिक पानी के पाइपों को तोड़ने की कार्रवाई की। अधिकारियों ने संबंधित औद्योगिक इकाइयों को सख्त चेतावनी देते हुए कहा कि भविष्य में इस प्रकार की अनियमितता बर्दाश्त नहीं की जाएगी। नगर परिषद द्वारा अवैध कनेक्शन करने वाली औद्योगिक इकाइयों की सूची तैयार की जा रही है तथा इनके खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई के लिए राजस्थान प्रदूषण नियंत्रण मंडल (RPCB) को पत्र लिखा जाएगा। प्रदूषण नियंत्रण मानकों का उल्लंघन पाए जाने पर संबंधित फैक्ट्रियों पर जुर्माना, नोटिस एवं अन्य दंडात्मक कार्रवाई की जा सकती है।
उन्होंने ने स्पष्ट किया कि औद्योगिक अपशिष्ट के निस्तारण के लिए प्रत्येक फैक्ट्री को निर्धारित मानकों के अनुसार ट्रीटमेंट प्लांट संचालित करना अनिवार्य है। सीवर लाइन में रासायनिक पानी छोड़ना कानूनन अपराध है और इससे सीवर जाम, पाइपलाइन क्षति तथा जल स्रोतों के प्रदूषण की आशंका बढ़ जाती है।
नगर परिषद ने संकेत दिए हैं कि आगे भी नियमित निरीक्षण जारी रहेंगे और नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ सख्त कदम उठाए जाएंगे।